महाराष्ट्र में अवैध खनन पर सख्ती: ड्रोन से होगा सर्वे, कड़ी कार्रवाई की तैयारी

Maharashtra cracks down on illegal mining: Drones will be used for survey, strict action being prepared

राज्य के कई जिलों में बड़े पैमाने पर अवैध खनन हो रहा है। इसे रोकने के लिए अब राज्य सरकार ने ड्रोन के जरिए सर्वेक्षण करने का फैसला किया है।

महसूल मंत्री चंद्रशेखर बावनकुळे ने विधानसभा में बताया कि कई जगहों पर अधिकृत मात्रा से ज्यादा खनन हो रहा है, जिसमें अधिकारियों की मिलीभगत भी पाई गई है। उन्होंने कहा कि पूरे राज्य में सर्वेक्षण कर सरकार अवैध खनन को उजागर करेगी और कड़ी कार्रवाई की जाएगी। खासकर पुणे, सोलापुर और सांगली जिलों में बड़ी कंपनियों द्वारा अवैध खनन किया जा रहा है।

विधायकों ने राज्य में रेत खनन और आपूर्ति में हो रहे भ्रष्टाचार की शिकायतें कीं। इस पर मंत्री ने बताया कि राजस्व विभाग ने नया रेत नीति बनाई है, जिससे रेत तस्करी को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे। साथ ही, आम लोगों को सस्ती दरों पर रेत उपलब्ध कराने का भी आश्वासन दिया गया।

ठाणे स्मार्ट सिटी परियोजना में अनियमितताएं

विधायक प्रशांत ठाकुर ने ठाणे स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट में गड़बड़ी और खनन नियमों के उल्लंघन को लेकर सवाल उठाया। जवाब में मंत्री बावनकुळे ने बताया कि दो ठेकेदारों ने बिना अनुमति खनन किया था, जिसके चलते उन पर 28.81 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। आगे से ऐसे मामलों को रोकने के लिए ठेकेदारों से पहले ही स्वामित्व शुल्क वसूला जाएगा।

विधायकों ने अवैध खनन और रेत चोरी पर सख्त कार्रवाई की मांग की। मंत्री ने कहा कि जल्द ही नई नीति के तहत अवैध खनन पर नियंत्रण किया जाएगा। रेत की आपूर्ति को अधिक सुव्यवस्थित किया जाएगा और नए क्रशर उद्योगों को बढ़ावा दिया जाएगा।

चर्चा के दौरान लिए गए अन्य महत्वपूर्ण फैसले:
✔ रेत खनन और वितरण प्रक्रिया में सुधार के लिए सरकार नई नीति लागू करेगी।
✔ अवैध खनन करने वाली कंपनियों पर कड़ी कार्रवाई और भारी जुर्माना लगाया जाएगा।
✔ महाराष्ट्र के सभी बड़े प्रोजेक्ट्स के खर्च की बारीकी से समीक्षा की जाएगी।
✔ राजस्व विभाग ने स्मार्ट सिटी और अन्य विकास परियोजनाओं में खनन शुल्क को पहले से शामिल करने का निर्णय लिया है।